मिताली ने तोड़ी चुप्पी, कहा कोच के कारण नहीं मिला खेलने का मौका

By Independent Mail | Last Updated: Nov 27 2018 11:42PM
मिताली ने तोड़ी चुप्पी, कहा कोच के कारण नहीं मिला खेलने का मौका

नई दिल्ली। वेस्टइंडीज में खेले गए महिला विश्व कप के सेमीफाइनल में इंग्लैंड के खिलाफ भारतीय टीम से मिताली राज को अंतिम-11 में जगह न देने का विवाद खत्म नहीं हो रहा है। मिताली ने मंगलवार को टीम के कोच रमेश पोवार और प्रशासकों की समिति (सीओए) की अध्यक्ष डायना इडुल्जी को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि इन दोनों का उन्हें बाहर बैठाने में बड़ा हाथ है। टी-20 के महिला और पुरुष प्रारूपों में सबसे ज्यादा रन बनाने वाली मिताली राज ने बीसीसीआई के मुख्य कार्यकारी अधिकारी राहुल जौहरी और महाप्रबंधक (क्रिकेट संचालन) सबा करीम को भावुक पत्र भी लिखा है जिसमें उन्होंने कोच के व्यवहार को 'गलत और भेदभावपूर्ण' बताया है। मिताली ने लिखा, 20 साल के करियर में पहली बार मैं हताश, तनावपूर्ण, और हारा हुआ महसूस कर रही हूं। मैं यह सोचने पर मजबूर हूं कि मैंने देश की जो सेवा की है, उसकी सत्तासीन लोगों के लिए कोई अहमियत नहीं है और वह मुझे तोड़ने तथा मेरे आत्मविश्वास को खत्म करने में लगे हुए हैं। मैंने हमेशा डायना इडुल्जी में विश्वास जताया है। मैंने कभी नहीं सोचा था कि वह अपने पद का इस्तेमाल मेरे खिलाफ करेंगी। उन्होंने लिखा, मैं साफ कर देना चाहती हूं कि मुझे टी-20 टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर से कोई दुश्मनी नहीं है। हां, मैं इस बात को मानती हूं कि उनके कोच के मुझे अंतिम-11 में शामिल न करने के फैसले के समर्थन से मैं हैरान रह गई थी। लेकिन मेरी शिकायत कोच रमेश पोवार से है। मैं जहां भी बैठती थी, वह वहां से चले जाते थे। वह नेट्स में बाकी बल्लेबाजों को देखते थे, लेकिन जब मैं बल्लेबाजी करने आती थी, तो वह चले जाते थे। यह बेहद निराशाजनक था और साफ तौर पर पता चल रहा था कि वह मुझे बेइज्जत करने की कोशिश कर रहे हैं।

image
Copyrights @ 2017 Independent NewsCorp (P) Ltd., Bhopal. All Right Reserved